
नई दिल्ली – दिल्ली विधानसभा चुनाव का राजनीतिक तापमान बढ़ चुका है, और एक बार फिर प्रदेश झुग्गी झोपड़ी भाजपा के पूर्व उपाध्यक्ष और पूर्व जिलाध्यक्ष ब्रजेश बिचपुरिया को प्रचार का न्योता मिला है। भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में समर्थन जुटाने के लिए उन्हें आमंत्रित किया गया है।
भाजपा के मजबूत प्रचारक
ब्रजेश बिचपुरिया का नाम झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्रों में एक प्रभावी प्रचारक के तौर पर लिया जाता है। 2015 के विधानसभा चुनावों में भी बिचपुरिया ने भाजपा के लिए झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्रों में प्रचार किया था। उनके प्रयासों ने भाजपा प्रत्याशी विजेन्द्र गुप्ता को रोहिणी से जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई थी। उस चुनाव में भाजपा ने मात्र तीन सीटों पर जीत दर्ज की थी, जिनमें विजेन्द्र गुप्ता का नाम शामिल था।
विजेन्द्र गुप्ता का भरोसा
यह दूसरी बार है जब विजेन्द्र गुप्ता ने ब्रजेश बिचपुरिया को दिल्ली बुलाया है। गुप्ता, जो इस बार फिर से रोहिणी सीट से चुनाव लड़ रहे हैं, ने बिचपुरिया के प्रचार कौशल पर पूरा भरोसा जताया है। गुप्ता ने अपनी जीत का श्रेय टीम के समर्पित कार्यकर्ताओं और प्रभावशाली प्रचारकों को दिया है। यही वजह है कि उन्होंने इस बार भी बिचपुरिया को आमंत्रित किया।
2015 का अनुभव
वर्ष 2015 का विधानसभा चुनाव भाजपा के लिए चुनौतीपूर्ण रहा था। आम आदमी पार्टी (आप) ने उस समय प्रचंड बहुमत के साथ जीत दर्ज की थी। लेकिन, गुप्ता की सीट भाजपा के लिए प्रतिष्ठा का विषय बनी रही। उस दौरान, ब्रजेश बिचपुरिया ने 10 दिनों तक दिल्ली में प्रचार अभियान का हिस्सा बनकर भाजपा के पक्ष में माहौल बनाया।
बिचपुरिया की प्रचार शैली
बिचपुरिया की प्रचार शैली में लोगों से सीधा जुड़ाव और जमीनी मुद्दों को उठाना शामिल है। झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्रों में उनकी पकड़ और प्रभावशाली व्यक्तित्व भाजपा के लिए चुनावों में अहम भूमिका निभाता है। उन्होंने अपनी कार्यशैली से झुग्गीवासियों का दिल जीता और पार्टी की विचारधारा को मजबूत किया।
2025 का चुनाव और उम्मीदें
इस बार का दिल्ली विधानसभा चुनाव पहले से भी ज्यादा रोमांचक होने की उम्मीद है। आप सरकार ने जहां अपने कार्यों को लेकर जनता के बीच जाने की तैयारी की है, वहीं भाजपा अपने मजबूत प्रचारकों और रणनीति के बल पर मुकाबले को दिलचस्प बना रही है।
ब्रजेश बिचपुरिया का दिल्ली में भाजपा प्रचार अभियान का हिस्सा बनना इस बात का संकेत है कि पार्टी झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्रों में अपनी पकड़ मजबूत करना चाहती है। उनकी भूमिका और प्रचार से रोहिणी समेत अन्य क्षेत्रों में भाजपा को फायदा मिलने की उम्मीद है।
भाजपा का फोकस और रणनीति
इस बार भाजपा ने झुग्गी-झोपड़ी और निम्न आय वर्ग के मतदाताओं को ध्यान में रखते हुए अपनी रणनीति तैयार की है। पार्टी को विश्वास है कि ब्रजेश बिचपुरिया जैसे अनुभवी नेताओं का प्रचार अभियान में जुड़ना उनकी रणनीति को मजबूत करेगा।
निष्कर्ष
ब्रजेश बिचपुरिया का दिल्ली में प्रचार करना यह दिखाता है कि भाजपा दिल्ली में अपनी चुनावी संभावनाओं को लेकर गंभीर है। उनकी प्रभावशाली प्रचार शैली और झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्रों में पकड़ पार्टी को महत्वपूर्ण बढ़त दिला सकती है। अब यह देखना होगा कि क्या 2025 के चुनावों में भाजपा के लिए यह रणनीति सफल साबित होती है और क्या विजेन्द्र गुप्ता अपनी सीट को दोबारा जीतने में कामयाब होंगे।
क्या कहते हैं विशेषज्ञ?
राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्रों में प्रचार अभियान का सही संचालन किसी भी पार्टी के लिए गेम-चेंजर साबित हो सकता है। भाजपा ने इस बार बिचपुरिया को आमंत्रित कर अपनी प्राथमिकताओं को स्पष्ट कर दिया है।
दिल्ली के सियासी मैदान में अब यह देखना दिलचस्प होगा कि भाजपा की यह रणनीति कितनी कारगर साबित होती है और ब्रजेश बिचपुरिया के प्रयास पार्टी को कितनी मजबूती देते हैं।
