भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने आगामी बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी के लिए भारतीय क्रिकेट टीम का ऐलान कर दिया है। यह ट्रॉफी अगले महीने से ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेली जाएगी। इस बार टीम की कप्तानी रोहित शर्मा के हाथ में होगी, जिसमें कई युवा खिलाड़ियों को मौका दिया गया है। हालांकि, इस टीम में एक प्रमुख बल्लेबाज, अजिंक्य रहाणे, को शामिल नहीं किया गया है, जो क्रिकेट प्रेमियों के लिए एक बड़ी खबर है।
रोहित शर्मा की कप्तानी और नई टीम का गठन
रोहित शर्मा की कप्तानी में भारतीय टीम में कई युवा और अनुभवी खिलाड़ी शामिल हैं। जसप्रीत बुमराह को उपकप्तान बनाया गया है, जबकि विराट कोहली, यशस्वी जायसवाल, शुभमन गिल, केएल राहुल, और ऋषभ पंत जैसे सितारे भी इस स्क्वॉड का हिस्सा हैं। इसके साथ ही, पहली बार नीतीश रेड्डी और हर्षित राणा को भी टेस्ट टीम में जगह मिली है। सरफराज खान, ध्रुव जुरेल, और प्रसिद्ध कृष्णा भी टीम का हिस्सा हैं।
अजिंक्य रहाणे का पिछले एक साल का सफर
अजिंक्य रहाणे, जो 85 टेस्ट मैच खेल चुके हैं, को इस बार टीम में शामिल नहीं किया गया है। उनके लिए यह निराशाजनक है, क्योंकि वह पिछले एक साल से टेस्ट टीम से बाहर चल रहे हैं। आखिरी बार उन्होंने जुलाई 2023 में वेस्टइंडीज के खिलाफ खेला था, जिसके बाद उन्हें टीम में मौका नहीं मिला है। इस बार भी ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ होने वाले टेस्ट मैचों में रहाणे का नाम न देखकर सेलेक्टर्स ने स्पष्ट कर दिया है कि उनका भविष्य इस फॉर्मेट में अब खतरे में है।
रहाणे के करियर के आंकड़े
अजिंक्य रहाणे ने टेस्ट क्रिकेट में 5000+ रन बनाए हैं। 2013 में अपने टेस्ट करियर की शुरुआत करने वाले रहाणे ने 85 मैचों में 5077 रन बनाए हैं, जिनमें 12 शतक और 26 अर्धशतक शामिल हैं। उनका बेस्ट स्कोर 188 रन है, जो उन्होंने 2016 में न्यूजीलैंड के खिलाफ इंदौर में बनाया था।
घरेलू और विदेशी प्रदर्शन
अजिंक्य रहाणे ने घरेलू क्रिकेट में 32 टेस्ट मैचों में 1644 रन बनाए हैं, जबकि उन्होंने विदेशी धरती पर 3234 रन बनाए हैं, जो कि 51 टेस्ट मैचों में आए हैं। विदेशों में उनके नाम 8 शतक और 17 अर्धशतक हैं, जो उनकी क्षमता को दर्शाते हैं।
पिछले सीरीज में रहाणे की अनुपस्थिति
इस साल की शुरुआत में इंग्लैंड के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज में भी रहाणे को मौका नहीं मिला था। इसके बाद बांग्लादेश के खिलाफ हुई दो मैचों की रेड बॉल सीरीज में भी उन्हें बाहर रखा गया। न्यूजीलैंड के खिलाफ मौजूदा सीरीज में भी उन्हें सेलेक्टर्स ने नजरअंदाज किया है।
निष्कर्ष
बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी के लिए भारतीय टीम का चयन दर्शाता है कि चयनकर्ता भविष्य की दृष्टि रखते हुए युवा प्रतिभाओं को मौका दे रहे हैं। हालांकि, अनुभवी खिलाड़ी अजिंक्य रहाणे की अनुपस्थिति उनके प्रशंसकों के लिए निराशाजनक है। यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या रहाणे अपने अनुभव का फायदा उठाकर भविष्य में टेस्ट टीम में वापसी कर पाएंगे या नहीं।
इस ट्रॉफी में भारत की चुनौती और भी कठिन होने वाली है, और सभी की निगाहें रोहित शर्मा की अगुवाई में टीम के प्रदर्शन पर होंगी।
